मंगलवार, 7 जनवरी 2020

श्रीमद्भागवत गीता

अपर्याप्तं तदस्माकं बलं भीष्माभिरक्षितम्‌।
 पर्याप्तं त्विदमेतेषां बलं भीमाभिरक्षितम्‌॥

भीष्म पितामह द्वारा रक्षित हमारी वह सेना सब प्रकार से अजेय है और भीम द्वारा रक्षित इन लोगों की यह सेना जीतने में सुगम है
 
 ॥10॥

~ श्लोक 10 - अध्याय 1

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