शनिवार, 28 दिसंबर 2019

Agree Madbhagwat gita

पश्यैतां पाण्डुपुत्राणामाचार्य महतीं चमूम्‌। व्यूढां द्रुपदपुत्रेण तव शिष्येण धीमता॥ हे आचार्य! आपके बुद्धिमान्‌ शिष्य द्रुपदपुत्र धृष्टद्युम्न द्वारा व्यूहाकार खड़ी की हुई पाण्डुपुत्रों की इस बड़ी भारी सेना को देखिए ॥3॥ ~ श्लोक 3 - अध्याय 1 - कुरुक्षेत्र के युद्धस्थल में सैन्य निरिक्षण Shared Via Bhagwad Gita Android App. https://play.google.com/store/apps/details?id=in.banaka.mohit.bhagwadgita

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें